बंगाल के सरकारी कर्मचारियों की बढ़ेगी सैलरी, सातवें वेतन आयोग के गठन के लिए अधिसूचना जारी

पश्चिम बंगाल सरकार ने सातवें वेतन आयोग के गठन के लिए अधिसूचना जारी कर दी है। मुख्यमंत्री सुवेंदु अधिकारी ने कहा कि बंगाल सरकार ने सातवें वेतन आयोग के लिए नियम और शर्तें तय कर ली हैं और उसका लक्ष्य चालू वित्त वर्ष के आखिर तक राज्य सरकार के कर्मचारियों और पेंशनभोगियों को संशोधित वेतन का लाभ देना है।
सीएम अधिकारी ने कहा कि आम तौर पर वेतन आयोग को सरकार को अपनी रिपोर्ट सौंपने में छह महीने लगते हैं। आयोग की सिफारिशें मिलने के बाद हम इस वित्त वर्ष के आखिर तक संशोधित वेतन का लाभ देने की कोशिश करेंगे। उम्मीद है कि आयोग अपनी रिपोर्ट सौंपने से पहले वेतनमान, भत्ते, पेंशन और सेवा से जुड़े अन्य लाभों की समीक्षा करेगा। उम्मीद है कि सातवां वेतन आयोग मौजूदा आर्थिक हालात और महंगाई के हिसाब से संशोधित वेतन ढांचे की सिफारिश करेगा और सरकार वित्तीय असर की समीक्षा के बाद इसे लागू करने पर अंतिम फैसला लेगी। अपने संकल्प पत्र में बीजेपी ने सत्ता में आने के 45 दिनों के भीतर सातवां वेतन आयोग गठित करने का वादा किया था।
सुवेंदु अधिकारी ने यह भी कहा कि राज्य सरकार के अलग-अलग विभागों/कंपनियों में काम करने वाले थर्ड-पार्टी कर्मचारियों के कामकाज की भी समीक्षा की जानी चाहिए। राज्य सरकार के कर्मचारियों को DA देने के बारे में बात करते हुए मुख्यमंत्री ने कहा कि अभी केंद्र के मुकाबले 42% का अंतर है। हम अक्टूबर से 20% DA देंगे। हमें उम्मीद है कि हम धीरे-धीरे DA के अंतर को खत्म कर लेंगे। (UPDATED ON 22ND JULY 2026)



