पहली ही बारिश में कागज की तरह बहा 7 करोड़ का पुल

मध्य प्रदेश के देवास जिले में होशियारी और मकोड़िया गांव के बीच शिप्रा नदी पर करीब 7 करोड़ रुपये की भारी-भरकम लागत से बना नया पुल पहली ही तेज बारिश को भी नहीं झेल पाया। बारिश के शुरुआती झोंके में ही पुल का प्रोटेक्शन वर्क ताश के पत्तों की तरह ढह गया। इस घटना का वीडियो सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रहा है, जिसने करोड़ों की लागत से हुए निर्माण कार्य की गुणवत्ता को कटघरे में खड़ा कर दिया है। ग्रामीणों को कई सालों के लंबे इंतजार के बाद इस नदी पर पुल की सौगात मिली थी, लेकिन पहली ही बारिश ने उनकी खुशियों पर पानी फेर दिया।
स्थानीय ग्रामीणों ने ठेकेदार और संबंधित अधिकारियों पर गंभीर आरोप लगाए हैं। ग्रामीणों का कहना है कि पुल का काम बेहद जल्दबाजी में और घटिया निर्माण सामग्री का उपयोग करके किया गया। जब पुल बन रहा था, तब भी ग्रामीणों ने इसकी खराब गुणवत्ता को लेकर जिम्मेदार इंजीनियरों से शिकायत की थी, लेकिन उनकी एक न सुनी गई। वायरल वीडियो में साफ देखा जा सकता है कि पानी के तेज बहाव में पुल के आसपास का सुरक्षा हिस्सा बह रहा है। दूसरी तरफ, जल संसाधन विभाग की एसडीओ नेहा दुबे ने पुल को पूरी तरह सुरक्षित बताते हुए दावा किया है कि केवल मिट्टी और प्रोटेक्शन वर्क का कुछ हिस्सा ही बहा है, जिसे जल्द ही ठीक करवा दिया जाएगा।(UPDATED ON 10TH JULY 2026)



