पीएम मोदी और अमित शाह के खिलाफ हुई नारेबाजी पर छात्रों पर होगी कार्रवाई,

जवाहरलाल नेहरू यूनिवर्सिटी (JNU) में सोमवार रात पीएम मोदी और अमित शाह के खिलाफ हुई नारेबाजी पर बयानबाजी तेज है। जेएनयू प्रशासन ने इस पूरे मामले पर अपना बयान जारी किया है। जेएनयू प्रशासन ने कहा कि प्रधानमंत्री मोदी और गृह मंत्री के खिलाफ आपत्तिजनक नारे लगाने वाले छात्रों के खिलाफ सख्त कार्रवाई करने का वादा किया गया है। इस मामले में पहले ही FIR दर्ज की जा चुकी है। दिल्ली के कानून मंत्री कपिल मिश्रा ने कहा, ‘सांपों के फन कुचले जा रहे हैं, संपोले बिलबिला रहे हैं। नक्सलियों, आतंकियों, दंगाइयों के समर्थन में नारे लगाने वाले हताश हैं क्योंकि उनके नापाक मंसूबे एक-एक करके ध्वस्त हो रहे हैं। इन अपराधियों का समर्थन करने वालों को कड़ी सजा दी जानी चाहिए।’ पर्यावरण मंत्री मनजिंदर सिंह सिरसा ने कहा कि सुप्रीम कोर्ट के आदेश के खिलाफ प्रदर्शन करना अस्वीकार्य है। उन्होंने कहा, ‘अगर लोग अदालती फैसलों का विरोध करना शुरू कर देंगे तो व्यवस्था ध्वस्त हो जाएगी।’
प्रशासन ने कहा कि यूनिवर्सिटी इनोवेशन और नए विचारों का केंद्र होती हैं। उन्हें नफरत की प्रयोगशाला में बदलने की इजाजत नहीं दी जा सकती है। बोलने और अभिव्यक्ति की आजादी एक मौलिक अधिकार है।
जेएनयू की ओर से कहा गया कि किसी भी तरह की हिंसा, गैर-कानूनी व्यवहार या देश विरोधी गतिविधि को किसी भी हालत में बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। इस घटना में शामिल छात्रों पर भी अनुशासनात्मक कार्रवाई की जाएगी, जिसमें तुरंत सस्पेंशन, निष्कासन और यूनिवर्सिटी से स्थायी रूप से बाहर करना शामिल है।(updated o 7th january 26)



